Sat. Jun 15th, 2024

पैसा डबल करने के नाम पर युवती को 60 हजार का चूना लगाया, और नकली पुलिस बनकर पहुंचे ठग, असली पुलिस ने किया गिरफ्तार

छिंदवाड़ा में युवती को दिया लालच की पैसा डबल कर देंगे और 60 हजार की चपत लगा दी l इतना ही नहीं बल्कि पैसे ठगने के आरोप से बचने के लिए बदमाशों ने पुलिस की वेशभूषा बना ली। लेकिन पुलिस की नजरों से नही बच सके और पुलिस ने आरोपी को जेल में बंद कर दिया।

पुलिस ने अरोपियों को किया गिरफ्तार

दरअसल छिंदवाड़ा जिले के चांदामेटा के बडकुही से एक वारदात सामने आ रही है, जिसमे बताया जा रहा है की एक युवती को कुछ ठगों ने नोट दोगुने करने के नाम पर 60 हजार रुपए नगद की हेरा फेरी करके युवती को लूट लिया। लेकिन वह पुलिस को नजरों से नहीं बच पाए है, और पुलिस ने उन्हें गिरफ्तार कर जेल में डाल दिया है।

नोट डबल करने के नाम पर युवती से दो बार 60 हजार रूपए ठगे थे। पुलिस ने चारों आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया है।एसडीओपी जितेंद्र सिंह जाट के मुताबिक ठगों से पैसे डबल करने वाली मशीन को भी जब्त कर लिया गया हैं।

मशीन से डबल नोट करने का दिया झांसा

पुलिस के अनुसार चारों आरोपी बड़खुही 5 नंबर के रहने वाले है, और मुख्य आरोपी केदारनाथ बानवंशी किसी के लिए लडकी देखने गुढ़ी गया था। जिस परिवार में यह लड़की देखने गया था वहा उसकी मां कोयले को खदान में काम करती है, और फिर उसने भोपाल में पढ़ रही लड़की से कहा की मेरे पास नोट डबल करने की मशीन है, और तो और उसने ₹50 की नोट को डबल करके भी दिखाया और बोला की तुम अगली बार 20 हजार रुपए लेके आना तो मैं तुम्हारा पैसा डबल कर दूंगा। युवती 6 फरवरी को उसे 20 हजार रुपए दिए। और पैसे लेकर केदारनाथ बानवंशी अगले दिन फरार हो गया । और युवती को बताया की मशीन में धुआं निकल गया है तुम अगली बार और पैसे लेकर आना मैं ब्याज के साथ दोनो दे दूंगा।

इसके बाद फिर 10 फरवरी को युवती 40हजार रुपए लेकर उसके पास गई और उसने मशीन में पैसे डाले और इतने में उसके साथी राकेश और सुभम दोनो पुलिस का गेटअप लेकर पहुंचे और मशीन जब्त कर ली। युवती को बाद में लोगो ने बताया की तुम्हारे साथ धोखा धडी हुई है। और फिर उसने बड़खुही पुलिस थाने में सिकायता की। पुलिस ने तुरंत कार्यवाही कर आरोपियों को हिरासत में लिया। मुख्य आरोपी केदारनाथ बानवंशी, कमलेश उर्फ बंटी, राकेश और शुभम को धारा 420, 170, 171 के मामले में गिरफ्तार कर न्यायालय में पेश किया। और इन सब में आरोपियों ने पुलिस की वर्दी और चिन्ह का गलत उपयोग किया। इसलिए आरोपियों खिलाफ धारा 170 और 171 का प्रकरण भी कायम किया गया।